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Yoga For Better Sleep: टेंशन की होगी टाएं-टाएं फिस, बस ये 4 योगासन करें पूरी रात आएगी सुकून भरी नींद
नींद संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण है, फिर भी बहुत से लोग नींद की खराब गुणवत्ता और अनिद्रा से जूझते हैं। नींद की गुणवत्ता बढ़ाने का एक प्रभावी और प्राकृतिक तरीका योग अभ्यास है। योग के साथ जुड़कर आप पैरासिम्पैथेटिक नर्वस सिस्टम को एक्टिव करते हैं और रिलैक्सेशन को बढ़ावा देते है, जिससे तनाव और चिंता को कम करने में मदद मिलती है।
इंडियन योग एसोसिएशन के प्रेसिडेंट और द योगा इंस्टीट्यूट की डायरेक्टर डॉ. हंसाजी योगेंद्र के अनुसार, आसन, प्राणायाम और ध्यान के अभ्यास से तनाव कम होता है और मन शांत होता है। साथ ही, जब आप नियमित रूप से योग करते हैं तो आपके शरीर की सर्केडियन रिदम कंट्रोल होती है, जिससे आपके नींद की क्वालिटी में सुधार होता है। चलिए जानते हैं कि बेहतर नींद के लिए आप कौन-कौन से योगासन कर सकते हैं।
बालासन

बालासन में जब आप आगे की ओर झुकते हैं, तो आपके गर्दन और कंधों में तनाव दूर होता है, जिससे मन में शांति की भावना पैदा होती है और आपको अच्छी नींद आती है।
विपरीत करनी आसन

विपरीत करनी आसन में जब पैर ऊपर की ओर उठते है, तो आपका रक्त प्रवाह बढ़ जाता है, चिंता कम होती है और आप आराम की स्थिति में पहुंचते है जिससे अच्छी नींद आती है।
यस्तिकासन

इसमें जब आप अपने जोड़ और हाथ दोनों खिंचाव देते हैं, तो तनाव कम होता है, मन की शांति प्राप्त होती है और नींद में सुधार आता है।
शवासन

यह शरीर और मन को पूर्ण रूप से शांत करता है और व्यक्ति को सोने के लिए तैयार करता है और गहरी नींद प्रदान करता है।
अनुलोम विलोम और भ्रमरी प्राणायाम हैं फायदेमंद

अच्छी और गहरी नींद के लिए अनुलोम विलोम और भ्रमरी प्राणायाम बहुत लाभदायक है। अनुलोम विलोम मानसिक तनाव को कम करता है, स्थिर और शांति देता है। साथ ही, आपका ब्लड प्रेशर कंट्रोल करता है, जिससे नीद की गुणवत्ता में सुधार आता है। भ्रमरी प्राणायाम के अभ्यास से दिल की धड़कन सामान्य होती है, मन में विचारों की गति कम होती है और वो शांत रहता है, जिससे अच्छी नींद आती है।
सुकून भरी और गहरी नींद के लिए इन बातों का रखें ध्यान

- सुकून भरी और गहरी नींद पाने के लिए, एक सुसंगत सोने की दिनचर्या स्थापित करें
- सोने से 15-30 मिनट पहले योग और प्राणायाम तकनीकों का अभ्यास करें
- एक शांत और निर्मल वातावरण बनाएं और कमरे की रोशनी कम करें
- सोने से कम से कम एक घंटा पहले मोबाइल का प्रयोग नहीं करें या टीवी न देखें
- रोज एक ही समय पर सोएं और एक ही समय पर उठें
- खाने के बाद थोड़ा टहलें और भारी खाने से बचें
- सोने से पहले मन में विचारों की गति को कम करें और दिन भर की अच्छी घटनाओं को याद करें
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। यह किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें।
