Connect with us
uttarakhand second car new rule जो डीलर नियम का पालन नहीं करेंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी, साथ ही सभी वाहन ब्लैक-लिस्ट किए जाएंगे।

उत्तराखण्ड

उत्तराखंड में सेकेंड हैंड गाड़ी लेने से पहले पढ़ लीजिए नए नियम, वरना ब्लैक लिस्ट हो जाएंगे आप

खबर शेयर करें -

देहरादून: पुराने वाहन खरीदने-बेचने के काम से जुड़े कारोबारियों को अब आरटीओ दफ्तर में रजिस्ट्रेशन कराना होगा।परिवहन विभाग ने पुराने वाहनों की खरीद व बिक्री करने वाले डीलरों के लिए रजिस्ट्रेशन अनिवार्य कर दिया है। जो डीलर नियम का पालन नहीं करेंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी, साथ ही सभी वाहन ब्लैक-लिस्ट किए जाएंगे। कुल मिलाकर प्राधिकार प्रमाण-पत्र हासिल किए बिना कारोबारी पुराने वाहनों का व्यापार नहीं कर सकेंगे।

आरटीओ (प्रशासन) सुनील शर्मा ने सभी वाहन डीलर को अंतिम चेतावनी देते हुए रजिस्ट्रेशन कराने के लिए एक महीने का समय दिया है। इसके बाद एक सितंबर से अभियान चलाकर वाहन डीलर के विरुद्ध न केवल कार्रवाई की जाएगी, बल्कि उसके परिसर में खड़े सभी पुराने वाहनों के नंबर आरटीओ कार्यालय के साफ्टवेयर में ब्लैक-लिस्ट कर दिए जाएंगे। उत्तराखंड में हरिद्वार, देहरादून, रुड़की, ऋषिकेश और विकासनगर में पुराने चौपहिया वाहनों और बाइक-स्कूटी का बड़ा बाजार है। अब पुराने वाहन बेचने वाले डीलरों के लिए प्राधिकार प्रमाण-पत्र लेना अनिवार्य किया गया है।

इसके लिए डीलर को परिवहन विभाग से जुड़े वाहन पोर्टल पर प्रारूप-29 (क) में आवेदन करना होगा। इसमें डीलर को अपना नाम, पता, कारोबार का स्थान, मोबाइल नंबर, पैन नंबर, जीएसटी नंबर व ईमेल-आइडी उपलब्ध करानी होगी। इसमें 25 हजार रुपये शुल्क ऑनलाइन जमा होगा। आरटीओ कार्यालय में इसके लिए परिवहन कर अधिकारी प्रज्ञा पंत को नोडल अधिकारी बनाया गया है। कक्ष संख्या-21 में इससे जुड़े कार्य किए जाएंगे। आरटीओ प्रशासन सुनील शर्मा ने कहा कि प्राधिकार प्रमाण-पत्र से डीलरों और मध्यस्थों की पहचान करने में मदद मिलेगी।

ऐसे वाहनों की खरीद-बिक्री में धोखाधड़ी की आशंका भी कम होगी। वाहन डीलरों को 31 अगस्त तक का समय दिया गया है। बता दें कि केंद्र सरकार की ओर से 22 दिसंबर-2022 में इस नियम को लेकर अधिसूचना जारी की गई थी। उत्तराखंड परिवहन मुख्यालय ने भी 30 दिसंबर को सभी आरटीओ को पत्र भेजकर इसका अनुपालन कराने के आदेश दिए थे, लेकिन यह नियम निर्धारित समय सीमा पर लागू नहीं हो पाया। uttarakhand second car new rule अब मुख्यालय के आदेश पर देहरादून आरटीओ सुनील शर्मा ने देहरादून शहर समेत दून संभाग के सभी शहर ऋषिकेश, विकासनगर, हरिद्वार, रुड़की, टिहरी व उत्तरकाशी के एआरटीओ को इसका अनुपालन कराने के आदेश दिए हैं।

Continue Reading

संपादक - कस्तूरी न्यूज़

More in उत्तराखण्ड

Recent Posts

Facebook

Advertisement

Trending Posts

You cannot copy content of this page